इस दिवाली हैंडमेड और स्वदेशी सामान से करें घर रौशन- रीना अग्रवाल

बिज़नेस

नई दिल्ली: यूँ तो महिलाएं हर क्षेत्र में कामयाबी के झंडे गाड़ रही हैं। वे किसी भी मामले में पुरुषों से पीछे नहीं हैं। आज हम ऐसी ही एक महिला रीना अग्रवाल  के बारे में बात करेंगे। यह साहित्य, कला, संस्कृति, हस्तशिल्प की कला को बढ़ावा दे रही है। यह एक जानीमानी होटेलियर है और एक से एक अद्भुत कविताएं लिखती है। रीना अग्रवाल एक होम मेकर है पर अच्छी एंटरप्रेन्योर बनने की रेस में वह कभी पीछे नहीं रही। इस कोरोना काल में वह हर हफ्ते एक वेबिनार “चैट विद रीना अग्रवाल” करती है जिसमे वह ऐसे लोगो का इंटरव्यू लेती है जिनमें कुछ कर दिखाने की प्रतिभा है पर उसकी प्रस्तुति के लिए सही प्लैटफ़ार्म नहीं है।

इस दिवाली सीज़न रीना अग्रवाल उत्तराखंड के किसानों को मदद करने उनके द्वारा उगाये गए आर्गेनिक  प्रोडक्ट्स मार्किट में प्रमोट कर रही है और लोगों को जागरूक कर रही है की इस दिवाली सीज़न अपने प्रिय रिश्तेदारों को विदेशी उपहार देने के बजाये स्वदेशी आर्गेनिक प्रोडक्ट्स दें जिससे की इन किसानों की मदद भी हो और यह लोग भी दिवाली अच्छे से मना सकें। यह प्रोडक्ट्स शुद्धता और स्वछता का ध्यान रख के उगाये गए है। यह प्रोडक्ट्स सीधा हिमालय के किसानों से लिए जाते है और आप तक पहुंचाए जाते है बीच में किसी विक्रेता को नहीं रखा जाता पहले वहां के किसान यह प्रोडक्ट्स दूसरे खरीदारों को बेचते थे लेकिन उनसे इन्हे सही दाम नहीं मिलता पर अब रीना अग्रवाल उन्हें सही दाम देकर इन प्रोडक्ट्स को मार्किट में उतारा और उनका सहयोग किया। इन प्रोडक्ट्स में मसाले, शहद, दालें इत्यादि शामिल है। बहुत-सी सरकारी और पर्यटन संस्थाएं, लग्जरी होटल, मार्किट स्टोर्स, वैलनेस एक्सप्रेटस इत्यादि इन प्रोडक्ट्स को खरीद रहे है। आर्गेनिकप्रोडक्ट्स के साथ-साथ यह मिट्टी के दिये और हैंडमेड सजावट का सामान खरीदने के लिए भी लोगों को जागरूक कर रही है।

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